नौरोजाबाद// उमरिया
रिपोर्टर -मदनलाल बर्मन
उमरिया। उमरिया जिले की करकेली जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत धनवार में 5वें राज्य वित्त आयोग की राशि से लैपटॉप खरीदी और कंप्यूटर रिपेयरिंग के नाम पर किए गए भुगतानों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पंचायत दर्पण पोर्टल के आधार पर सामने आई जानकारी के अनुसार एक ही फर्म से एक दिन के अंतराल में दो लैपटॉप खरीदे गए, जबकि बाद में उसी फर्म से कंप्यूटर रिपेयरिंग के नाम पर भी बड़ी राशि का भुगतान किया गया।
जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत ने 07 मार्च 2023 को बिल क्रमांक 232 तथा 09 मार्च 2023 को बिल क्रमांक 233 के माध्यम से प्रेम कम्प्यूटर्स से एसर स्पायर आई-5, 8 जीबी रैम, 512 जीबी के दो लैपटॉप खरीदे। दोनों लैपटॉप की कीमत ₹57,500-₹57,500 दर्शाई गई है। इनका कुल भुगतान ₹1,15,000 दिनांक 20 मार्च 2023 को एक साथ किया गया।
इसके बाद 28 अगस्त 2024 को बिल क्रमांक 174 के माध्यम से इसी फर्म को कंप्यूटर रिपेयरिंग के नाम पर ₹22,850 का भुगतान किए जाने का उल्लेख भी रिकॉर्ड में दर्ज है।
ग्रामीणों का आरोप है कि एक ग्राम पंचायत में सामान्यतः एक सचिव और एक रोजगार सहायक पदस्थ होते हैं तथा एक लैपटॉप की आवश्यकता ही पर्याप्त मानी जाती है। ऐसे में एक दिन के अंतराल में दो लैपटॉप खरीदे जाने और बाद में कंप्यूटर मरम्मत पर इतनी बड़ी राशि खर्च किए जाने से पूरी प्रक्रिया संदेह के घेरे में आ गई है। उनका कहना है कि यदि पंचायत में पहले से कंप्यूटर उपलब्ध था, तो अतिरिक्त लैपटॉप खरीदने की आवश्यकता और उसकी प्रशासनिक स्वीकृति पर भी सवाल उठते हैं।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया है कि लैपटॉप खरीदी और रिपेयरिंग के नाम पर लगभग ₹1.38 लाख की राशि का बंदरबांट किया गया है। उनका कहना है कि रिपेयरिंग पर खर्च की गई राशि में नया कंप्यूटर खरीदा जा सकता था, जिससे भुगतान की वास्तविकता पर भी प्रश्नचिह्न लग रहे हैं।
मामले को लेकर यह भी सवाल उठाया जा रहा है कि क्या दोनों लैपटॉप की खरीदी से पूर्व सक्षम अधिकारी की अनुमति प्राप्त की गई थी और खरीदे गए उपकरण वर्तमान में पंचायत में उपयोग में हैं या नहीं।
इस संबंध में सरपंच एवं सचिव का पक्ष जानने का प्रयास किया गया, लेकिन समाचार लिखे जाने तक उनका पक्ष प्राप्त नहीं हो सका। यदि उनका पक्ष प्राप्त होता है तो उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।



