राजस्थान राजसमंद
रिपोर्टर मिठालाल गुर्जर
मुख्यमंत्री ने राजसमंद जिले से ओलानाखेड़ा प्रशासक श्री दिनेश वैष्णव से किया संवाद
गांव के व्यक्ति की उम्मीद का पहला केन्द्र है सरपंच - मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा
राजसमंद जिले से सभी विधायक एवं पंचायतों के प्रशासक रहे मौजूद
राजसमंद, 2 अक्टूबर। मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पंचायतीराज संस्थाओं और सरपंचों को देश के विकास की धुरी बताया है। उन्होंने कहा कि गांव के व्यक्ति की समस्या के समाधान और हर उम्मीद का पहला केंद्र सरपंच होता है। इसलिए सरपंच का यह पहला लक्ष्य होना चाहिए कि सरकार की योजनाओं का लाभ हर जरूरतमंद व्यक्ति तक पहुंचे। इसके लिए वह गांव के लोगों के बीच जाकर निरंतर संवाद करे।
मुख्यमंत्री शुक्रवार को जयपुर के तक्षशिला ऑडिटोरियम में पंचायतीराज जनप्रतिनिधि संवाद कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती सत्य, अहिंसा, स्वच्छता, ग्राम स्वराज, स्वावलंबन और जनभागीदारी के उन मूल्यों की याद दिलाती है, जो राष्ट्र निर्माण की आधारशिला हैं। राष्ट्रपिता का मानना था कि भारत की आत्मा गांवों में बसती है।
कार्यक्रम के दौरान राजसमंद का जिला स्तरीय आयोजन मार्बल गैंगसा एसोसिएशन के बी. एल. व्यास मेमोरियल सभागार में हुआ, जहां जिले के चारों विधायक एवं बड़ी संख्या में पूर्व सरपंच (वर्तमान ग्राम पंचायत प्रशासक) उपस्थित रहे।
जिला स्तरीय कार्यक्रम में कुंभलगढ़ विधायक श्री सुरेंद्र सिंह राठौड़, भीम विधायक श्री हरिसिंह रावत, राजसमंद विधायक श्रीमती दीप्ति माहेश्वरी तथा नाथद्वारा विधायक श्री विश्वराज सिंह मेवाड़ ने सहभागिता की। उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं ग्राम पंचायत प्रशासकों ने मुख्यमंत्री के संबोधन को सुना। कार्यक्रम के पश्चात जिले के प्रशासकों को मुख्यमंत्री द्वारा भेजे गए पत्र वितरित किए गए।
इस दौरान मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने जिले की ओलनाखेड़ा ग्राम पंचायत के प्रशासक श्री दिनेश वैष्णव से संवाद किया। श्री वैष्णव ने अपने कार्यकाल में ग्राम पंचायत क्षेत्र में कराए उल्लेखनीय कार्यों की जानकारी दी। साथ ही विभिन्न विकास कार्यों में सहयोग के लिए मुख्यमंत्री के समक्ष कुंभलगढ़ विधायक श्री सुरेन्द्र सिंह राठौड़ का भी आभार जताया। मुख्यमंत्री ने उनके द्वारा बताए गए कार्यों की प्रशंसा करते हुए सराहना की। मुख्यमंत्री ने वर्चुअल समारोह में सभी चारों विधायकों का अभिवादन भी किया।
वर्चुअल समारोह में मुख्यमंत्री ने अपने सरपंच कार्यकाल के अनुभव साझा करते हुए बताया कि उन्हें गांव के लोगों के बीच काम करने का अवसर मिला, तो उन्होंने योजनाओं का लाभ हर जरूरतमंद तक पहुंचाने और मोतियाबिंद कैम्प का आयोजन करने जैसे जनसेवा के अनेक कार्य किए।
उन्होंने कहा कि हमारे गांव मजबूत होंगे तो राजस्थान मजबूत होगा। ग्राम पंचायतें पारदर्शी, जवाबदेह और जनभागीदारी वाली होंगी तो विकास की गति और प्रभाव दोनों बढ़ेंगे। उन्होंने विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि पंचायतीराज के सभी जनप्रतिनिधि पूरी निष्ठा, ऊर्जा और सेवा भावना के साथ अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे।
उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार ने पौने तीन वर्षों में प्रदेश को नई दिशा और नई गति देने का कार्य किया है। सुशासन, पारदर्शिता और जनसेवा को शासन की पहचान बनाया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के सबका साथ, सबका विकास, सबका प्रयास के मूलमंत्र से प्रेरणा लेते हुए किसानों, युवाओं, महिलाओं और गरीबों के हित में महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं।
कार्यक्रम में जिला कलक्टर अरुण कुमार हसीजा, जिला परिषद सीईओ बृजमोहन बैरवा, एसीईओ डॉ सुमन अजमेरा सहित जिला परिषद के अन्य अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
