-अदलहाट-शेरवां मार्ग पर मधुशाला की भरमार, सड़क दिन भर रहता है शराबियों से गुलजार
-शर्मा रोड बना अब मधुशाला रोड, मात्र दस किलोमीटर में है दर्जनों दुकानें
अदलहाट।अदलहाट-शेरवां मार्ग पर शराब के दुकानों की भरमार से स्थानीय लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।बता दें कि अदलहाट से शेरवां मार्ग के बीच लगभग दस किलोमीटर की दुरी में अदलहाट,उल्होपुर, रामपुर,बिक्सी,भाईपुर कलां, लठिया सहिजनी,शेरवां सहित संपर्क मार्गो में बनौली,ढेबरां,ओड़ी आदि जगहों पर शराब की देशी,अंग्रेजी,बीयर की कुल मिलाकर 10-12 दुकानें खुल गई है।जिस कारण से दुकानों के आसपास सड़क पर दिनभर शराब का सेवन करने वालों का जमावड़ा लगा रहता है।शराब पीकर सड़क किनारे खड़े रहने और नशे की हालत में वाहन चलाने से आयें दिन हादसे हो रहे हैं।बढ़ती शराब के दुकानों की संख्या एवं नजदीक में ही शराब की उपलब्धता के कारण आसपास के गांवों के कई घर शराब की लत से बर्बाद हो गये और कई परिवार बर्बादी के कगार पर है।शराब पीने वालों के घरों में औरतों,बच्चों के साथ मारपीट रोजमर्रा की बातें हो गई है।इधर चार-पांच वर्षों में सड़क एक्सिडेंट के बाद शवों को सड़क पर रखकर चक्काजाम,तोड़-फोड़,पुलिस पर पथराव आदि उपद्रवी घटनाओं के पीछे इन शराब की दुकानों एवं शराबीयों का ही हाथ रहा है।उपद्रव के बाद पुलिस कार्यवाही का खामियाजा गांव के सीधे-सादे नागरिकों,पढ़ने लिखने वाले बच्चों और महिलाओं को भुगतना पड़ता है।हाल ही में मीरजापुर जिले में शराब की दुकानों के विरोध में महिलाओं द्वारा कई जगह धरना-प्रदर्शन भी किए जा चुके है,लेकिन शासन द्वारा शराब की दुकानें बंद करने को कौन कहे,रोज नित नए दुकान खुलते ही जा रहें हैं।शर्मा रोड पर शराब की दुकानों की बढ़ती संख्या के कारण आम लोगों में अब इस रोड का नाम मधुशाला रोड के नाम से भी चर्चित हो गया है।अन्न दाता मंच के संयोजक चौधरी रमेश सिंह ने कहा कि आबकारी विभाग और पुलिस प्रशासन द्वारा दुकानों के आसपास शराब पीकर सड़क पर हुड़दंग मचाने वालों पर रोक लगाते हुए नशे की हालत में वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए और शाम से देर रात तक सड़कों पर निगरानी बढ़ाने की भी जरूरत है और शराब के दुकानों की संख्या भी कम किये जाने की आवश्यकता है।


