संवाददाता- संतोष कुमार
जनपद सिद्धार्थनगर राष्ट्रीय उ0प्र0 राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशानुसार आज दिनांक 20-08-2026 को माननीय जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्री अजय कुमार श्रीवास्तव-तृतीय की अध्यक्षता में दिनांक 12-09-2026 को आयोजित होने वाले राष्ट्रीय लोक अदालत की भव्य सफलता सुनिश्चित किये जाने हेतु समस्त सम्मानित न्यायिक अधिकारीगण के साथ प्री-ट्रायल बैठक का आयोजन प्रातः समय 10ः30 बजे से किया गया।
उक्त बैठक में श्री मोहम्मद रफी अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या-1 सिद्धार्थनगर श्री बीरेन्द्र कुमार अपर जनपद न्यायाधीश (पाक्सो एक्ट)/नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत, श्री त्रिभुवन नाथ, अपर जनपदर एवं सत्र न्यायाधीश/एस.सी एस.टी एक्ट श्री कनिष्क कुमार सिंह अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश/एफ0टी0सी0-प्रथम, श्री मनोज कुमार तिवारी अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश/एफ0टी0सी0-द्वितीय, श्री अनुभव कटियार मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, श्री अरूण कुमार-चतुर्थ सिविल जज सी0डि0 श्री शैलेन्द्र नाथ सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्री वकील सिविल जज (सी.डि.)/एफ.टी.सी सुश्री प्रियंवदा प्रियदर्शिनी सिविल जज (जू0डि0 श्री धम्म कुमार सिद्धार्थ न्यायालय न्यायिक मजिस्ट्रेट श्री आदेश कुमार श्रीवास्तव अपर सिविल जज (जू0डि0 कक्ष संख्या-1 श्री श्रेय कुमार वर्मा सिविल जज जू0डि0एफ0टी0सी0-प्रथम श्री शिवेन्द्र शर्मा अपर सिविल जज (जू0डि0 कक्ष संख्या-02 उपस्थित रहे। बैठक में माननीय जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्री अजय कुमार श्रीवास्तव-तृतीय द्वारा कहा गया कि लोक अदालत में वे ही वाद शामिल किये जाएं जिनमें समझौते की प्रबल संभावना हो। इसके लिए प्रत्येक न्यायिक अधिकारी को निर्देशित किया गया कि वे अपने न्यायालय में अधिक से अधिक लंबित व विचारणीय मामलों की सूची तैयार करें और उनमें से प्रकरणों का चयन करें उन्हे निस्तारित कराने पर जोर दे। चेक बाउंस पारिवारिक विवाद, एम0वी0एक्ट बैंक ऋण वसूली, विद्युत बिल विवाद श्रम संबधी मामले, एवं अन्य सिविल प्रकृति के प्रकरणों को प्राथमिकता देने की बात कही गई। बैठक के अन्त में सभी न्यायिक अधिकारियों ने अपने-अपने विचार व्यक्त करते हुए राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक वाद निस्तारित करने का आश्वासन दिया।
नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत श्री बीरेन्द्र कुमार द्वारा बैठक में उपस्थित सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को निर्देशित किया गया कि वे पैरालीगल वालिन्टियर के माध्यम से जिला मुख्यालय तथा विभिन्न तहसीलों में ऐसे स्थान जहां जनसामान्य की अधिकाधिक संख्या मौजूद हो जैसे न्यायालय, कलेक्ट्रट, बस स्ट्रैण्ड रेलवे स्टेशन अस्पताल, हाट, बाजार, तहसील मुख्यालय, बैंक आदि जगहो पर लोक अदालत की भव्य सफलता सुनिश्चित किये जाने हेतु लोक अदालत एवं उसमें नियत की जा सकने वाले वादों की अधिकाधिक जानकारी व प्रचार-प्रसार हेतु प्रयास करें व जनसहभागिता सुनिश्चित करें।

