संवाददाता निर्मल विश्वकर्मा बरगी
आत्मनिर्भरता दलहन मिशन योजना: संयुक्त निदेशक कृषि डॉ. ए.के. शिवहरे ने किया जबलपुर का भ्रमण:
किसानों को बांटे मिनीकिट और दी उन्नत खेती की सलाह; 'खेत बचाओ अभियान' के तहत कम पानी वाली फसलें उगाने पर दिया जोर
आत्मनिर्भरता दलहन मिशन योजना के अंतर्गत भारत सरकार के संयुक्त निदेशक कृषि (दलहन विकास निदेशालय, भोपाल) डॉ. ए.के. शिवहरे ने आज दिनांक 27 जून 2026 को जबलपुर विकासखंड के ग्राम मोहास का विस्तृत भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने स्थानीय किसानों से सीधा संवाद कर योजना के विभिन्न घटकों और मिलने वाले अनुदानों की विस्तृत जानकारी दी।
उन्नत बीजों का वितरण और 'खेत बचाओ अभियान'
भ्रमण कार्यक्रम के दौरान दलहन मिशन के तहत किसानों को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से **उड़द बीज किस्म G-17 एवं अरहर बीज किस्म भीमा के मिनीकिट वितरित किए गए।
इसके साथ ही डॉ. शिवहरे ने खेत बचाओ अभियान' के बारे में किसानों को विस्तार से जागरूक किया। उन्होंने
निम्नलिखित मुख्य बिंदुओं पर विशेष जोर दिया:
मृदा परीक्षण एवं संतुलित उर्वरक मिट्टी की सेहत सुधारने के लिए नियमित जांच और जरूरत के अनुसार ही खाद का उपयोग करने की सलाह दी।
कम पानी की फसलें: अलनीनो के प्रभाव के कारण होने वाली कम वर्षा को ध्यान में रखते हुए किसानों को ऐसी फसलें लगाने की सलाह दी गई, जिनमें 40 प्रतिशत कम पानी की आवश्यकता होती है।
स्मार्ट सिंचाई पद्धति कम समय में पकने वाली धान की प्रजातियों को चुनने तथा स्प्रिंकलर और ड्रिप सिंचाई जैसी आधुनिक तकनीकों को अपनाने पर जोर दिया गया।
जल संरक्षण: जल स्रोतों के पास सोखता गड्ढा बनाने और ट्यूबवेल रीचार्ज करने के लिए किसानों को प्रेरित किया गया ताकि भूजल स्तर सुधारा जा सके।
BRC यूनिट का निरीक्षण और 'ड्रोन दीदी' से संवाद
संयुक्त निदेशक ने आत्मा परियोजना के अंतर्गत निर्मित जैव इनपुट संसाधन (BRC) यूनिट का भी बारीकी से निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने 'ड्रोन दीदी' सपना काछी से प्रत्यक्ष संवाद किया।
750 किसानों का क्लस्टर तैयार:संवाद के दौरान ड्रोन दीदी सपना काछी ने बताया कि प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए उन्होंने कुल 750 किसानों का एक विस्तृत क्लस्टर तैयार किया है। इसके तहत प्रत्येक क्लस्टर में 125 किसानों को जोड़ा गया है। ऐसा ही एक क्लस्टर ग्राम गोकुलपुर में बनाया गया है, जिसमें बहोरीपार, मोहास और जोडा के कृषक शामिल हैं। ग्राम गोकुलपुर में निर्मित BRC यूनिट से किसान आसानी से जैव रसायन खरीदकर अपने खेतों में उपयोग कर रहे हैं।
कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारी
इस महत्वपूर्ण भ्रमण कार्यक्रम में संयुक्त निदेशक डॉ. ए.के. शिवहरे के साथ कृषि विभाग से श्रीमती प्रतिभा गौर (अनुविभागीय कृषि अधिकारी), श्रीमती रश्मि परसाई (वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी) एवं सुश्री शिवानी मिश्रा (कृषि विस्तार अधिकारी) मुख्य रूप से उपस्थित रहीं।

