भीलवाड़ा = सांगानेर-तस्वारिया में 62 बीघा भूमि पर नवीन जिला न्यायालय परिसर के निर्माण हेतु सोमवार को विधिवत भूमि पूजन किया गया। समारोह में राजस्थान उच्च न्यायालय के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधिपति संजीव प्रकाश शर्मा ने कहा कि आमजन को त्वरित और प्रभावी न्याय दिलाने के लिए न्यायिक प्रक्रिया में आधुनिक तकनीकों को अपनाना आवश्यक है, लेकिन उनका उपयोग व्यावहारिक और परिणामोन्मुख होना चाहिए।
उन्होंने ई-कोर्ट, डिजिटल फाइलिंग, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और ऑनलाइन सेवाओं को न्याय प्रणाली को अधिक सुलभ, पारदर्शी और प्रभावी बनाने के महत्वपूर्ण साधन बताया। साथ ही नए न्यायालय परिसर में पर्याप्त कोर्ट रूम, अधिवक्ताओं के चैंबर, डिजिटल रिकॉर्ड प्रबंधन, पुस्तकालय, प्रतीक्षालय और पार्किंग जैसी सुविधाएं विकसित करने पर जोर दिया।
इस अवसर पर जिला अभिभाषक संस्था, भीलवाड़ा की वर्ष 2026 की नवनिर्वाचित कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह भी आयोजित हुआ। अध्यक्ष उम्मेद सिंह राठौड़, उपाध्यक्ष महिपाल सिंह राणावत, महासचिव पंकज दाधीच सहित अन्य पदाधिकारियों ने पद एवं गोपनीयता की शपथ ली।
कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री दिया कुमारी ने कहा कि यह भूमि पूजन केवल निर्माण कार्य की शुरुआत नहीं, बल्कि न्याय के सुदृढ़ और सशक्त भविष्य की नींव है। उन्होंने कहा कि सुलभ और प्रभावी न्याय व्यवस्था ही लोकतंत्र की आधारशिला है।
न्यायाधिपति डॉ. पुष्पेंद्र सिंह भाटी ने न्यायिक क्षेत्र में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी को सकारात्मक बताया, वहीं न्यायाधिपति फरजंद अली ने युवा अधिवक्ताओं को निरंतर अध्ययन और परिश्रम के लिए प्रेरित किया। न्यायाधिपति प्रवीर भटनागर ने नवकार्यकारिणी को बधाई देते हुए अधिवक्ताओं को न्याय का सशक्त प्रहरी बताया।
जिला एवं सत्र न्यायाधीश अभय जैन ने कहा कि 62 बीघा भूमि का आवंटन न्यायिक अवसंरचना को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, जिससे वर्तमान में स्थानाभाव की समस्या दूर होगी और न्यायिक कार्यप्रणाली में सुधार आएगा।
गौरतलब है कि वर्तमान जिला एवं सत्र न्यायालय वर्ष 1948 से संचालित हो रहा है और स्थान की कमी के चलते कई अदालतें परिसर से बाहर संचालित हो रही हैं।
कार्यक्रम में शहर विधायक अशोक कोठारी, मांडल विधायक उदयलाल भड़ाना, सहाड़ा विधायक लादूलाल पितलिया, शाहपुरा विधायक लालाराम बैरवा, जिला कलेक्टर जसमीत सिंह संधू, पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र यादव सहित अनेक जनप्रतिनिधि, न्यायिक अधिकारी, अधिवक्ता और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन प्रियंका पुरोहित और अशोक व्यास ने किया।
