संवाददाता. सुनील कुमार पाठक
डाला (सोनभद्र)। डाला क्षेत्र के सलाई बनवा स्थित ACC (अडानी) सीमेंट प्लांट के रेलवे क्लिंकर अनलोडिंग स्थल पर मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था एवं पर्यावरणीय मानकों के पालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों एवं श्रमिकों का आरोप है कि क्लिंकर से लदी मालगाड़ियों की पोकलेन मशीन से अनलोडिंग के दौरान धूल नियंत्रण के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए जाते, जिससे आसपास के वातावरण में प्रदूषण फैलता है और श्रमिकों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका बनी रहती है।
मौके पर मौजूद लोगों का दावा है कि कई मजदूर बिना आवश्यक सुरक्षा उपकरणों के कार्य करते दिखाई दिए। आरोप है कि अनेक श्रमिकों के पास सुरक्षा जूते, दस्ताने, मास्क और हेलमेट जैसे आवश्यक सुरक्षा संसाधन उपलब्ध नहीं थे। यदि यह आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह कार्यस्थल सुरक्षा मानकों एवं श्रम सुरक्षा नियमों के उल्लंघन का मामला हो सकता है।
स्थानीय लोगों ने सवाल उठाया है कि मजदूरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी किसकी है और संबंधित विभाग इस मामले में क्या कदम उठा रहे हैं। उन्होंने श्रम विभाग, उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड तथा जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।
श्रमिक हितों से जुड़े लोगों का कहना है कि प्रत्येक कर्मचारी को सुरक्षित कार्यस्थल और आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराना नियोक्ता की जिम्मेदारी है। उनका कहना है कि यदि सुरक्षा मानकों एवं पर्यावरणीय नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है, तो संबंधित एजेंसियों को नियमानुसार कार्रवाई करनी चाहिए।
मौके पर मौजूद कुछ लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि इस प्लांट में अक्सर इसी प्रकार की परिस्थितियों में मजदूरों से कार्य कराया जाता है तथा उन्हें पर्याप्त सुरक्षा सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई जातीं।

