अब नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन सहित राजस्व प्रकरणों के लिए नहीं लगाने पड़ेंगे दूर-दराज के चक्कर
-------
शासन की योजनाओं और सेवाओं का लाभ अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक पहुंचाना हमारी प्राथमिकता : विधायक विश्वामित्र पाठक
------
सिहावल विधानसभा क्षेत्र के पहाड़ी एवं आसपास के ग्रामीण अंचलों के लिए एक महत्वपूर्ण सुविधा की शुरुआत हुई। लंबे समय से क्षेत्रवासियों की मांग रहे तहसील लिंक कोर्ट पहाड़ी का शुभारंभ विधायक श्री विश्वामित्र पाठक ने मां वीणावादिनी की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन, मंत्रोच्चार एवं फीता काटकर किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, जनप्रतिनिधि एवं प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में तहसीलदार द्वारा लिंक कोर्ट की कार्यप्रणाली एवं उससे मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी दी गई। बताया गया कि अब पहाड़ी क्षेत्र के नागरिकों को नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन, भू-अभिलेख सुधार तथा अन्य राजस्व प्रकरणों के लिए दूरस्थ तहसील कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। स्थानीय स्तर पर ही राजस्व संबंधी मामलों की सुनवाई एवं निराकरण की सुविधा उपलब्ध होगी, जिससे समय और संसाधनों दोनों की बचत होगी।
इस अवसर पर विधायक श्री विश्वामित्र पाठक ने कहा कि पहाड़ी क्षेत्र की यह बहुप्रतीक्षित मांग थी, जिसके पूरा होने से हजारों ग्रामीणों को सीधा लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि शासन का उद्देश्य प्रशासनिक एवं न्यायिक सेवाओं को आमजन के द्वार तक पहुंचाना है, ताकि लोगों को छोटी-छोटी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक परेशान न होना पड़े।
उन्होंने कहा कि सुशासन का वास्तविक अर्थ यही है कि शासन की योजनाएं, सेवाएं और सुविधाएं समाज के अंतिम व्यक्ति तक सरल, सुलभ और समयबद्ध तरीके से पहुंचें। ग्रामीण क्षेत्रों में प्रशासनिक व्यवस्थाओं का विस्तार इसी सोच का परिणाम है। जब प्रशासन जनता के करीब पहुंचता है तो समस्याओं का निराकरण तेजी से होता है और लोगों का शासन व्यवस्था पर विश्वास भी मजबूत होता है।
विधायक श्री पाठक ने क्षेत्रीय विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि पहाड़ी क्षेत्र के विकास से जुड़ी अन्य मांगों पर भी चरणबद्ध तरीके से कार्य किया जाएगा। उन्होंने ग्राम पंचायत की ओर से प्रस्तुत मांगों पर सकारात्मक पहल का आश्वासन देते हुए कहा कि क्षेत्र के विकास और जनसुविधाओं के विस्तार के लिए हरसंभव प्रयास किए जाएंगे।
लिंक कोर्ट के शुभारंभ से क्षेत्र के नागरिकों में उत्साह का माहौल रहा। ग्रामीणों ने इसे प्रशासनिक सुविधाओं के विकेंद्रीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताते हुए कहा कि इससे राजस्व संबंधी कार्यों में पारदर्शिता और गति आएगी तथा आम लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।
कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मंजू सिंह, जयशंकर प्रसाद द्विवेदी, सिद्धार्थ गौतम, गजराज सिंह, कपूर साहू, तहसीलदार जयप्रकाश पाण्डेय, थाना प्रभारी राकेश वैश्य, नायब तहसीलदार दिनेश तिवारी, डॉ. रिकेश शर्मा, दल बहादुर सिंह, श्रीमती अनुसुइया बाजपेयी, सरपंच श्रीमती सुनैना सिंह, डॉ. विजय तिवारी, रोहित सिंह, अशोक सिंह, सरोज रावत, विष्णु बहादुर सिंह, सरपंच राजेश सिंह तेंदुहा, इन्द्र बहादुर सिंह, रहीश तिवारी, गिरिश द्विवेदी सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
संवाददाता -गिरीश शुक्ला कि रिपोर्ट
