3 आवासीय पट्टे वितरित, 4 आवास पूर्णता प्रमाण पत्र व 12 सहरिया परिवारों को पीएम आवास की राशि स्वीकृत
रास्ता, नाली, आवागमन व चिकित्सा सुविधाओं पर विशेष जोर
बारां, 4 जून। जिला कलेक्टर श्री बालमुकुंद असावा ने ग्राम पंचायत बमोरी कलां, पंचायत समिति मांगरोल में रात्रि चौपाल का आयोजन कर ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और मौके पर ही कई जनकल्याणकारी निर्णय लिए।
आवास एवं पीएम जन मन योजना के कार्य:
रात्रि चौपाल में 3 आवासीय पट्टे ग्रामीणों को वितरित किए गए। 4 लाभार्थियों को आवास पूर्णता प्रमाण पत्र दिए गए। पीएम आवास योजना अंतर्गत 12 सहरिया परिवारों को मकान निर्माण हेतु धनराशि आवंटित करने की स्वीकृति पत्र सौंपे गए। सिंचाई हेतु पाइप लाइन स्वीकृति का प्रमाण पत्र भी दिया गया।
भूमि आरक्षण:
पीएम जन मन योजनान्तर्गत सहरिया परिवारों के आबादी विस्तार हेतु ग्राम बमोरी कलां की खसरा संख्या 1441, रकबा 3.25 हैक्टेयर बंजड़ भूमि में से 1.00 हैक्टेयर भूमि को राजस्थान भू-राजस्व अधिनियम-1956 की धारा 92 के तहत ग्राम पंचायत बमोरी कलां को आरक्षित/सेट-अपार्ट किया गया। जिला कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि यह भूमि केवल आवास हेतु उपयोग होगी और राज्य सरकार में निहित रहेगी।
बुनियादी सुविधाओं पर ध्यान:
रात्रि चौपाल में ग्रामीणों द्वारा उठाई गई मांगों में रास्ता निर्माण एवं मरम्मत, नाली की सफाई व नये नाले बनाने, आवागमन हेतु सड़क संपर्क को सुगम बनाने तथा चिकित्सा सुविधाओं को बेहतर करने की बातें प्रमुख रहीं। जिला कलेक्टर ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि ग्राम में कच्चे रास्तों को पक्का करने, जलभराव रोकने के लिए नालियों का निर्माण व सफाई, आवागमन बाधित न हो इसके लिए संपर्क मार्ग दुरुस्त करने तथा चिकित्सा सुविधा हेतु सीएचसी/पीएचसी पर डॉक्टर व दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु त्वरित कार्ययोजना बनाई जाए।
सीएचसी निर्माण को लेकर जनभावना:
ग्रामवासियों ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बमोरी कलां के भवन निर्माण हेतु चयनित स्थल पर आपत्ति जताई। ग्रामीणों का कहना था कि चयनित जगह गांव से दूर, अधिक गहराई में और डूब क्षेत्र में है, जिससे बुजुर्गों व महिलाओं का पहुंचना कठिन है। 80 प्रतिशत ग्रामीण वर्तमान संचालित पीएचसी स्थल पर ही सीएचसी भवन बनाने के पक्ष में हैं। जिला कलेक्टर ने मांग पत्र लेकर संबंधित विभाग को जनहित में परीक्षण कर नियमानुसार कार्यवाही के निर्देश दिए।
अन्य प्रकरण एवं समस्याएं:
रात्रि चौपाल में राशन नाला निर्माण, पेयजल समस्या, पीएम आवास में अनियमितता, जबरन कब्जे हटवाने, पानी भराव की समस्या, शौचालय निर्माण सहित विभिन्न प्रकरण ग्रामीणों द्वारा प्रस्तुत किए गए। जिला कलेक्टर ने सभी प्रकरणों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश दिए।
जिला कलेक्टर ने कहा कि रात्रि चौपाल का उद्देश्य शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना और ग्रामीणों की समस्याओं का त्वरित समाधान करना है। प्रशासन द्वारा सभी मांगों पर प्राथमिकता से कार्रवाई की जाएगी
हेमंत यादव
