इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के सहयोग से विश्व रेड क्रॉस दिवस के अवसर पर अमरोहा के जिला संयुक्त चिकित्सालय स्थित ब्लड बैंक में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर समाज सेवा, स्वास्थ्य जागरूकता और मानवता के प्रति समर्पण का प्रेरणादायक उदाहरण बनकर सामने आया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य विकास अधिकारी अश्वनी मिश्रा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. योगेन्द्र कुमार सिंह तथा मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अश्वनी कुमार भंडारी ने संयुक्त रूप से किया।
कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने लोगों को रक्तदान के महत्व के बारे में जागरूक किया।
उन्होंने कहा कि “रक्तदान महादान” केवल एक नारा नहीं, बल्कि किसी जरूरतमंद को नया जीवन देने का सबसे बड़ा माध्यम है। अधिकारियों ने बताया कि स्वस्थ व्यक्ति द्वारा किया गया रक्तदान पूरी तरह सुरक्षित होता है और इससे शरीर में किसी प्रकार की कमजोरी नहीं आती। कुछ ही समय में शरीर दोबारा नया रक्त बना लेता है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. योगेन्द्र कुमार सिंह ने युवाओं से नियमित रक्तदान करने की अपील करते हुए कहा कि एक यूनिट रक्त किसी गंभीर मरीज की जिंदगी बचा सकता है। उनकी संवेदनशील कार्यशैली और स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति समर्पण की लोगों ने सराहना भी की। वहीं, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अश्वनी कुमार भंडारी ने बताया कि जिला अस्पताल का ब्लड बैंक लगातार जरूरतमंद मरीजों के लिए जीवन रक्षक साबित हो रहा है।
उन्होंने जानकारी दी कि जननी सुरक्षा योजना के तहत गर्भवती महिलाओं, आयुष्मान कार्ड धारकों, थैलेसीमिया से पीड़ित बच्चों, सड़क दुर्घटनाओं में घायल मरीजों और कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों से जूझ रहे लोगों को निशुल्क रक्त उपलब्ध कराया जा रहा है। अस्पताल में प्रतिदिन 8 से 10 यूनिट रक्त की आवश्यकता पड़ती है, लेकिन मौजूदा संग्रह अभी भी जरूरत से कम है।
कार्यक्रम में डॉ. एस.के. चौधरी, डॉ. पंकज बादल, डॉ. शकील फारूखी, डॉ. के.एस. सैनी, डॉ. रमेश सैनी, डॉ. रविन्द्र सिंह, डॉ. आर.के. सिरोही, समाजसेवी राम अवतार कपसिया सहित बड़ी संख्या में चिकित्सक, अस्पताल कर्मी और रक्तदाता उपस्थित रहे। यह शिविर समाज को मानवता, सहयोग और सेवा का महत्वपूर्ण संदेश देकर गया।
रिपोर्ट:-मौ। अज़ीम अमरोहा
