लोकेशन राजगढ़ से पवन अहिरवाल की रिपोर्ट।
मध्य प्रदेश बैंक समिति संगठन अपनी लंबे समय से लंबीत मांगों को लेकर भोपाल में दिनांक 29 नवंबर 2025 को मध्य प्रदेश बैंक मित्र संगठन द्वारा बैंक मित्रों की समस्याओ और मांगों के समाधान हेतु वायरलेस चौराहा अरोरा हिल्स जेल रोड भोपाल में एकत्रित होकर पैदल शांतिपूर्ण तरीके से भारतीय रिजर्व बैंक के भोपाल स्थित कार्यालय में गवर्नर के नाम ज्ञापन प्रस्तुत किया हम बैंक मित्रों banking correspondents या Business correspondents का कार्य भारतीय रिजर्व बैंक( RBI) के दिशानिर्देशों नीतियों के तहत संचालित होता है भारतीय रिजर्व बैंक भारत का केंद्रीय बैंक होने के नाते बैंक मित्रों से संबंधित नीतियों को नियंत्रित करता है क्योंकि वे वित्तिय समावेशन Financial Inclusion के लिए महत्वपूर्ण है RBI ने 2006 में बैंक मित्र माडल शुरू किया था ताकी ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में बैंकिंग सेवाएं पहुंचाई जा सके हमारी समस्याओं एवं मांगो को हम हमारे वरिष्ठ कार्यालय भारतीय रिजर्व बैंक के भोपाल स्थित कार्यालय में ही रख सकते है जो कि हम बिना कोई बाधा उत्पन्न किये शांतिपूर्ण ढंग से अपने हक एवं अधिकार के लिए एक ज्ञापन देना चाहते हैं मध्य प्रदेश बैंक मित्र संगठन के प्रदेश अध्यक्ष रजत कुमार शर्मा ने बताया कि आउटसोर्स प्रथा के नाम पर बिचौलियों कंपनियों का राज कायम है जो बैंक मित्रों का शोषण लगातार कर रही है संगठन की प्रमुख 5 मांगे निम्नानुसार है1 बिजोलिया कंपनी द्वारा आर्थिक शोषण एवं मानसिक प्रताड़ना 2 सेवा स्थिरता एवं न्यूनतम मानदेय का अभाव 3 बीमा पेंशन एवं अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओ वंचित रहना 4 सरकारी योजनाओं की सफलता का श्रेय बैंक मित्रों को न मिलना है 5 बैंक प्रबन्धक असमान व्यवहार एवं कंपनी द्वारा अत्यधिक बीमा करने का दबाव*मध्य प्रदेश बैंक मित्र संगठन*
RBI को दिया जाने वाला ज्ञापन
बैंक मित्रों की मांगे और समस्याएं
1. ठेकेदारी प्रथा का अंत हो ।
2. न्यूनतम स्थाई वेतन एवं कमीशन वृद्धि हो।
3. बैंक मित्रों को सुरक्षा कवच प्रदान किया जाए।
4. जबरदस्ती बीमा बिक्री पर रोक लगाई जाए।
5. जीएसटी/टीडीएस में छूट एवं पीएफ सुविधा प्रदान की जाए।
6. कियोस्क संचालन व्यय की प्रतिपूर्ति की जाए।
7. निष्क्रिय आईडी की पुनर्स्थापना की जाए।
8. वरिष्ठ बैंक मित्रों को बैंक की नौकरी में आरक्षण प्रदान किया जाए।
9. आरबीआई द्वारा बैंक मित्रों के हित के लिए स्थायी समिति गठन किया जाए।
10. प्राइवेट कंपनियों द्वारा AEPS आईडी बिक्री पर तत्काल रोक लगाई जाए।
11. कार्य घंटे निर्धारण एवं अतिरिक्त कार्य का अतिरिक्त भुगतान प्रदान किया जाए।
12. सर्वर डाउनटाइम की भरपाई की जाये।
13. समस्त बैंको के CSPs के लिए OD खाता हो जिसका नियंत्रण बैंक मित्र के पास हो।
14. एक क्षेत्र में एक कियोस्क नीति अपनाई जाए।
15. दोहरी बायोमेट्रिक प्रमाणिकरण अनिवार्यता समाप्त की जाये।
16. समस्त बैंको में औसत बैलेंस कमीशन प्रदान किया जाए। तघा बैंक की रिकवरी के लिए बैंक मित्रों की अनिवार्यता न हो कर एक्षिक किया जाए।
17. बैंक मित्रों की इंस्पेक्शन रिपोर्ट में त्रुटि सुधार किया जाए। एवं सभी राष्ट्रीयकृत बैंको की नियमावली में एकरूपता हो।
