छत्तीसगढ़ पोंडी उपरोड़ा
नानक राजपूत
पोंडी उपरोड़ा के ग्राम पाथा मे गौ तस्करी के अंजाम कों रोका, 12 गाय समेत एक पिकप कों गौ सेवकों ने कि थाने मे सुपुर्द,
पोंडी उपरोड़ा के ग्राम पाथा मे गौ तस्करी करते हुए एक पिकप कों पकड़ा गया जिसमे 12 गाय भरी गई थी, बताया जाता है रात्रि करीब 1 बजे झारखण्ड नंबर कि 3 गाडी पाथा ग्राम मे भ्रमण क़र रही थी जिसमे 2 पिकप और 1 कार शामिल थी, स्थानीय कुछ लोगो कों संदेह हुआ मामले मे देर न करते हुए गौ सेवकों कों सुचना दी गई गौ सेवक वहा पहुचे और वाहनो कों पकडने कि कोसिस किये इस बिच तस्करो कि संख्या लगभग 10 से 15 लोगो कि बताई जा रही है जिनके पास धारदार हथियार भी थे, गौ सेवकों द्वारा बडी बहादुरी के साथ उन्हें रोकने का प्रयास किया गया लेकिन तस्करी मे शामिल 1 पिकप और 1 कार भागने मे कामयाब हो गए बचे हुए 1 पिकप पकड़क़र 112 कों सुचना दी गई, पकड़ी गई पिकप वाहन का नंबर Jh01DG 5436 है जो झारखण्ड जिले कि नंबर है, पिकप मे 12 गाय बरामद किया गया, पिकप समेत गायों कों ट्रेक्टर कि मदद से बांगो थाना लाया, जहाँ देखा कि कुछ गौ कि स्थिति गंभीर थी जिन्हे बडी बेरहमी से रस्सी से पैर और गले कों बांधा गया था, गौ सेवकों ने पिकप से उतारकर उनके पैर और गले से रस्सी काटी और पशु चिकित्सकों कों बुलाकर उनका फस्ट ट्रीटमेन्ट कराया गया, बरामद गौ मे 2 गौ कि मृत हो चुकी थी। वही गौ सेवकों ने क्षेत्र मे हो रहे गौ कि तस्करी कों लगाम लगाने व पकड़ी गई पिकप के मालिक पर कड़ी कार्यवाही करने कि बात कही, इधर पुलिस ने भी मामले कों गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू क़र दी और जल्दी ही कार्यवाही कि बात कही।
प्राप्त सूत्रों के मुताबिक कोरबा क्षेत्र ही नहीं बल्कि आप पास के सभी क्षेत्रो से गाय कि तस्करी कि जाती है, बताया जाता है कोरबा के वन वासिय क्षेत्र से होते हुए धरमजयगढ़ पथलगाँव जशपुर से सीधे झारखण्ड बार्डर तक ले जाया जाता है, इस मामले मे दलालो के साथ स्थानीय लोगो कि अधिक भूमिका रहती है जो चंद रूपयों के लिए ऐसे घिनौने कार्य कों अंजाम देते हैं, दरसल प्रसासन कि गतिविधियों व पुलिस कि पेट्रोलिंग पर यह सवाल खड़ा करता है आखिर कार ऐसे तस्करी जैसे संगीन मामले क्षेत्र मे खुलेआम होते कैसे हैं बहरहाल अब देखना ये लाजमी होगा कि पिकप वाहन मे गौ बारामद क़र जप्ती के बाद पुलिस विवेचना मे झारखण्ड के वाहन मालिक तक कब पहुंच पाती है और क्या कारवाही होती है।



