ग्रामीण विकास, पंचायतीराज, आपदा प्रबंधन, सहायता एवं नागरिक सुरक्षा विभाग राज्य मंत्री एवं जिला प्रभारी मंत्री ओटाराम देवासी ने कहा कि वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान प्रदेश के जल स्वावलंबन की दिशा में एक बड़ा कदम है। पानी की एक-एक बूंद को संरक्षित कर अभियान को जन आंदोलन बनाने के उद्देश्य से इस अभियान की शुरुआत की गई। अभियान के तहत जिले और प्रदेश में जल संरचनाओं के पुनरोद्धार और विकास के बड़े काम हुए हैं, जिसका लाभ आमजन को मिलेगा।
जिला प्रभारी मंत्री देवासी ने यह बात शुक्रवार को विश्व पर्यावरण दिवस पर अंता क्षेत्र के अमलसरा स्थित वन विभाग की पर्यटक हट्स में आयोजित वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए कही। उन्होंने कहा कि अभियान के अंतर्गत जिले में उल्लेखनीय कार्य किए गए और अभियान में पूरे प्रदेश में बेहतर रैंकिंग प्राप्त की गई है।
प्रभारी मंत्री ने कहा कि सभी को पानी का सदुपयोग करते हुए आने वाली पीढ़ी के लिए प्राकृतिक जल स्रोतों और भूगर्भीय जल को संरक्षित रखने की दिशा में सहयोग देना चाहिए। साथ ही पौधारोपण करने के साथ सिंगल यूज प्लास्टिक से दूरी बनानी चाहिए। प्रभारी मंत्री ने समारोह में सभी को जल संरक्षण की शपथ दिलाई। इस अवसर पर उन्होंने जल संसाधन विभाग द्वारा प्रकाशित अभियान से संबंधित पुस्तिका का विमोचन भी किया।
कार्यक्रम में जिला कलक्टर बालमुकुंद असावा ने जिले में चलाए गए अभियान की उपलब्धियों के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि गंगा दशमी से शुरू किए गए इस अभियान में प्राचीन जल स्रोतों के रख-रखाव के साथ व्यर्थ बहने वाले वर्षा जल को संरक्षित करने की दिशा में अनेक उल्लेखनीय काम किए गए हैं।
इस दौरान जल संसाधन विभाग के अधीक्षण अभियंता मनोज पूरबगोला ने अभियान का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। वहीं उप वन संरक्षक विवेकानंद माणिकराव बड़े ने हरियालो राजस्थान के तहत किए जाने वाले पौधारोपण की तैयारियों और कार्ययोजना के बारे में जानकारी दी।
समारोह में लोक कलाकारों द्वारा नुक्कड़ नाटक के माध्यम से आमजन को जल संरक्षण का संदेश दिया गया। वहीं महिलाओं ने कलश यात्रा निकाली। कार्यक्रम के पश्चात प्रभारी मंत्री व अधिकारियों ने पर्यटक हट्स परिसर में पौधारोपण भी किया।
हेमंत यादव
