लोकेशन राजगढ़ से पवन अहिरवाल की रिपोर्ट
फरियादी डॉ. सुनील चौरसिया, ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र जीरापुर द्वारा प्रस्तुत आवेदन के आधार पर थाना माचलपुर में अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
एफआईआर का विस्तृत विवरण
प्रारंभिक जांच में यह तथ्य सामने आया कि—
* मुख्य आरोपी अर्जुन बैरागी जो रामगढ़ अस्पताल में ही डाटा एंट्री ऑपरेटर के पद पर पदस्थ था
* माह फरवरी 2026 में PHC रामगढ़ में एक भी डिलीवरी नहीं हुई, इसके बावजूद आरोपी द्वारा 137 जन्म प्रमाण पत्र जारी किए गए
* संबंधित जन्म प्रमाण पत्रों के लिए कोई आवेदन पत्र प्राप्त नहीं हुआ
* कई प्रमाण पत्र 01/04/2007 के पूर्व के बनाए गए, जो कि शासकीय अस्पताल द्वारा जारी करना नियम विरुद्ध है
* कई प्रमाण पत्र अन्य राज्यों (राजस्थान, सिक्किम, तेलंगाना, पश्चिम बंगाल, बिहार, उत्तरप्रदेश) के व्यक्तियों के बनाए गए
* कई प्रमाण पत्र 1950 से 1980 के मध्य के पाए गए, जबकि उस समय उक्त केन्द्र में डिलीवरी नहीं होती थी
* CRS पोर्टल पर फर्जी दस्तावेज स्कैन कर अपलोड किए गए
* संबंधित मेडिकल ऑफिसर को इस संबंध में कोई जानकारी नहीं थी
* जांच में पाया गया कि उक्त कार्य रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर एवं ईमेल आईडी के माध्यम से किया गया
वही मुख्य आरोपी द्वारा बताया गया कि—
* आधार कार्ड में नाम/जन्मतिथि संशोधन कराने के लिए फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाए जाते थे
* लोकसेवा केन्द्र, आधार सेंटर एवं एमपी ऑनलाइन संचालकों के माध्यम से ग्राहकों को जोड़ा जाता था
* संबंधित व्यक्तियों की जानकारी व्हाट्सएप के माध्यम से भेजी जाती थी
* बिना किसी वैध दस्तावेज के CRS पोर्टल पर एंट्री कर प्रमाण पत्र जारी किए जाते थे
* प्रति प्रमाण पत्र 500 से 1000 रुपये तक लिए जाते थे
आरोपी द्वारा
लगभग 250 फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाए 35000 रुपए का अवैध लाभ लिया गया
जिसमें आरोपी देवीलालगुर्जर,
गिरिराज मीणा,पवनसिंह, जसवंत गुर्जर ,सोनू
पुलिस ने फर्जी प्रमाण पत्र बनाने में प्रयुक्त मोबाइल फोन PHC रामगढ़ का कंप्यूटर सिस्टम बरामद किया है
प्रकरण में अन्य संलिप्त व्यक्तियों की जांच जारी है एवं वैधानिक कार्यवाही की जा रही है।
