बालाघाट जिले में बह रही उलटी गंगा
मध्य प्रदेश का बहुचर्चित डबल मनी के मामले का मास्टरमाइंड सोमेंद्र कंकराने का नाम हटाकर राजनीतिक दबाव से
लांजी, बालाघाट
खेमराज सिंह बनाफरे
मध्य प्रदेश का बालाघाट जिला सन 2012 में डबल मनी के मामले से प्रसिद्ध हुआ था, वही इस मामले के मास्टरमाइंड सोमेंद्र कांकराने की जगह अजय तिडके को ईडी के अधिवक्ता द्वारा आरोपित बनाया गया है, आपको बता दे कि डबल मनी के मास्टर माइंड सोमेंद्र कंकराने द्वारा लांजी तहसील के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत बोलेगांव निवासी हेमराज आंबाडारे के घर से प्रारंभ हुआ यह मामला पूरे बालाघाट जिले में बहुचर्चित हुआ, और कई निवेशकों का पैसा आज भी सोमेंद्र कंकराने या उसके सहयोगियों के ऊपर हैं फिर भी ताज्जुब की बात यह कि, जो क्षेत्र की जनता के सामने प्रकट हो रही है कि प्रशासन की मिली भगत एवं उक्त मामले का राजनीतिकरण होने के कारण इस मामले में सत्य को प्रताड़ित किया जा रहा है, इस बात से स्पष्ट साबित होता है कि अपने मध्य प्रदेश में लोकतंत्र की हत्या हो चुकी है, और इस हत्या के खिलाफ आवाज उठाने वाले लोकतंत्र के रक्षक प्रदेश से कहीं पलायन कर चुके हैं जिस कारण कोई आवाज आज तक नहीं सुनाई दी, आपको बता दें की दिनांक 30/01/2026 को ईडी के द्वारा जो चार्ज सीट कोर्ट में दाखिल किए गए हैं, वे पूर्ण रूपेण गलत एवं असत्य हैं, ईडी के द्वारा मामले का राजनीतिकरण कर मामले की सत्यता को आम जनता से छुपाने का कार्य किया जा रहा है, यह लोकतंत्र की हत्या नहीं तो क्या है
