हमीरगढ़।क्षेत्र में हाल ही में हुई असमय बारिश और तेज ओलावृष्टि ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। गेहूं, जौ और चना जैसी रबी की फसलें कटाई के बिल्कुल नजदीक थीं और पकने में लगभग 30 दिन का समय शेष था, लेकिन अचानक आई प्राकृतिक आपदा ने खड़ी फसलों को बुरी तरह नुकसान पहुंचाया। खेतों में बिछी फसलें किसानों की चिंता का कारण बन गई हैं।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए किसानों ने उपखंड अधिकारी के नाम ज्ञापन सौंपकर शीघ्र गिरदावरी करवाने और उचित मुआवजा दिलाने की मांग की। ज्ञापन सौंपते समय बड़ी संख्या में किसान एवं ग्रामीण मौजूद रहे, जिससे उनकी चिंता और आक्रोश स्पष्ट नजर आया।
इस दौरान शंकर लाल गुर्जर (पूर्व सरपंच), हीरालाल जाट, चतराजी गाडरी, देवीलाल दरोगा, देवी लाल जाट, प्रभु गाडरी सहित अन्य ग्रामीण उपस्थित रहे।
किसानों का कहना है कि फसल पूरी तरह तैयार अवस्था में थी और उसमें पूरी लागत लग चुकी थी। ऐसे समय हुए नुकसान ने किसान वर्ग को गहरे आर्थिक संकट में डाल दिया है। यदि जल्द राहत और मुआवजा नहीं मिला तो किसान कर्ज के बोझ तले दब सकता है।
किसानों ने प्रशासन से तत्काल गिरदावरी कर विशेष राहत पैकेज की घोषणा एवं शीघ्र मुआवजा जारी करने की मांग की है। अब क्षेत्रवासियों की नजर प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है।
न्यूज़ रिपोर्टर देवकरण माली
