Type Here to Get Search Results !

🔴LIVE TV

स्लग:-मकर संक्रांति 2026 पर तातापानी महोत्सव बनेगा छत्तीसगढ़ की संस्कृति का महाकुंभ - NN81




संवाददाता-देवब्रत राय 

स्थान-बलरामपुर-रामानुजगंज (छत्तीसगढ़)


एंकर:-बलरामपुर जिले प्राकृतिक गर्म जलस्रोतों की पावन भूमि तातापानी इस मकर संक्रांति पर छत्तीसगढ़ की संस्कृति,परंपरा और आस्था का भव्य महाकुंभ बनने जा रही है। तातापानी महोत्सव 2026 इस वर्ष केवल एक मेला नहीं,बल्कि लोक-संस्कृति,सामाजिक समरसता और छत्तीसगढ़ी पहचान का जीवंत उत्सव होगा।

महोत्सव को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। कलेक्टर श्री राजेन्द्र कटारा पुलिस अधीक्षक श्री वैभव कुमार एवं अन्य अधिकारी द्वारा तातापानी परिसर का निरीक्षण कर साफ-सफाई, सुरक्षा व्यवस्था,पेयजल,पार्किंग,प्रकाश व्यवस्था,यातायात नियंत्रण और मंदिर परिसर के सौंदर्याकरण सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाओं को समयबद्ध तरीके से पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। पुलिस प्रशासन के सहयोग से श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुविधा व सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।इस ऐतिहासिक आयोजन को और भी गरिमामयी बनाने के लिए माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी एवं

क्षेत्रीय विधायक माननीय श्री रामविचार नेताम जी की विशेष सहभागिता प्रस्तावित है। जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी से तातापानी महोत्सव को नई ऊर्जा नई पहचान और राज्य-स्तरीय महत्त्व मिलेगा।

तीन दिन,तीन रंग–संस्कृति का महाउत्सव

14 जनवरी 2026 | शाम 7 बजे से

पद्मश्री सम्मानित श्री अनुज शर्मा छत्तीसगढ़ी लोक-संस्कृति की ऐसी प्रस्तुति देंगे, जो दर्शकों के दिलों में लंबे समय तक याद रहेगी।

15 जनवरी 2026 | शाम 7 बजे से

बॉलीवुड गायक श्री आदित्य नारायण की सुरीली आवाज़ से तातापानी की शाम संगीत के रंगों में रंग जाएगी।

16 जनवरी 2026 | शाम 7 बजे से

भोजपुरी संगीत की धमाकेदार रात में भोजपुरी गायक श्री रितेश पांडेय और

भोजपुरी गायिका खुशबू कक्कड़ दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर देंगे।

तातापानी महोत्सव की पहचान –परंपरा से पर्यटन तक

प्राकृतिक गर्म जलस्रोतों में आस्था की डुबकी लोक-नृत्य लोक-गीत और पारंपरिक कला की जीवंत झलक छत्तीसगढ़ी व स्थानीय व्यंजनों की खुशबू सामूहिक विवाह के माध्यम से सामाजिक समरसताऔर दर्शनीय स्थलों का अद्भुत अनुभव —तातापानी महोत्सव को सिर्फ मेला नहीं,बल्कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत का उत्सव बनाते हैं।

तातापानी महोत्सव 2026 —

जहाँ आस्था बहती है जलधारा बनकर,और संस्कृति उतरती है लोकगीतों में।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.

Top Post Ad

Advertisement

#codes