पाटन के दो शिक्षकों का राष्ट्रीय सम्मान, बीईओ कार्यालय में हुआ अभिनंदन :
पाटन। संस्कृति मंत्रालय की इकाई सीसीआरटी (सांस्कृतिक स्रोत एवं प्रशिक्षण केंद्र), नई दिल्ली द्वारा आयोजित डिजिटल डिस्ट्रिक्ट रिपॉजिटरी सम्मान समारोह एवं ‘विरासत–कमलादेवी सांस्कृतिक महोत्सव’ में दुर्ग जिले के तीन शिक्षकों को राष्ट्रीय सम्मान से नवाजा गया। इनमें पाटन विकासखंड के दो शिक्षक शामिल हैं। सम्मान प्राप्त कर लौटने पर विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय में दोनों शिक्षकों का अभिनंदन किया गया।
नई दिल्ली में आयोजित समारोह में केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत ने देशभर से चयनित 25 शिक्षकों को सम्मानित किया। कार्यक्रम में इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र के अध्यक्ष राम बहादुर राय सहित संस्कृति मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
छत्तीसगढ़ से सम्मानित हुए तीन शिक्षक राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित शिक्षकों में टिकेश्वर प्रसाद गजपाल (शासकीय हाई स्कूल आगेसरा), राघवेन्द्र कुमार ध्रुव (शासकीय प्राथमिक शाला उमरपोटी) तथा पंकज सिंह राजपूत (शासकीय प्रोन्नत प्राथमिक शाला टिकरापारा खुरसुल) शामिल हैं। उल्लेखनीय है कि तीनों शिक्षक दुर्ग जिले से हैं, जबकि इनमें से दो पाटन विकासखंड के हैं।
इन शिक्षकों ने ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ के अंतर्गत स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े व्यक्तियों, ऐतिहासिक स्थलों, घटनाओं एवं जनस्मृतियों का दस्तावेजीकरण कर डिजिटल डिस्ट्रिक्ट रिपॉजिटरी परियोजना में उल्लेखनीय योगदान दिया। उनके कार्य से राष्ट्रीय स्तर पर ऐतिहासिक अभिलेखों को समृद्ध करने में मदद मिली।
पाटन लौटने पर हुआ सम्मान
राष्ट्रीय सम्मान प्राप्त कर लौटने पर विकासखंड शिक्षा अधिकारी डालेंद्र देवांगन ने कार्यालय में टिकेश्वर प्रसाद गजपाल एवं राघवेन्द्र कुमार ध्रुव का गुलदस्ता भेंटकर स्वागत किया। इस अवसर पर शिक्षा विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने दोनों शिक्षकों को बधाई देते हुए इसे पाटन विकासखंड और दुर्ग जिले के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि बताया।

