2005 के श्रीनगर आतंकी हमले में घायल होने के बाद 21 सालों तक लड़ी ज़िंदगी की जंग
तिगरी गंगा घाट पर राजकीय सम्मान और 'गार्ड ऑफ ऑनर' के साथ दी गई अंतिम विदाई।
Vo देश सेवा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले एक सच्चे योद्धा ने आज अंतिम सांस ली। अमरोहा के सैद नंगली निवासी CRPF जवान रूप किशोर, जो साल 2005 में श्रीनगर में हुए आतंकी हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए थे, आज शहीद हो गए। गोली लगने के कारण उनके शरीर का निचला हिस्सा पिछले 21 सालों से पैरालाइज था, लेकिन उनका हौसला कभी कम नहीं हुआ। CRPF के इंस्पेक्टर राजीव कुमार ने उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि रूप किशोर न केवल एक कर्तव्यनिष्ठ जवान थे, बल्कि साहस की एक जीती-जागती मिसाल भी थे।
रिपोर्ट मौ। अज़ीम अमरोहा
